पादरी ने किया आदिवासी महिला का दैहिक शोषण, गर्भपात कराया तब हुआ मामले का खुलासा
The priest did the physical abuse of the tribal woman, got the abortion done, then the matter was disclosed
आदिवासी विधवा महिला का गीदम चर्च पादरी ने करवाया गर्भपात। 4 साल से कर रहा था महिला दैहिक शोषण। गर्भ ठहरने पर गोली खिला कर किया गर्भपात। तबियत खराब होने पर महिला हुई अस्पताल में भर्ती। परिजनों ने पादरी के खिलाफ थाना में दर्ज कराया मामला। भाजपा ने आदिवासियों का धर्मांतरण और शोषण का लगाया आरोप।
प्रदेश में लगातार धर्मांतरण के मामले दिन-ब-दिन बढ़ते जा रहे हैं जिस पर भाजपा मुखर होकर धर्मांतरण के मुद्दे को जोर शोर से उठा रही है। दंतेवाड़ा जिले के गीदम थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक मामला प्रकाश में आया है। जहां एक चर्च के पादरी ने आदिवासी विधवा महिला का गर्भपात करवा दिया है। यह पादरी उस आदिवासी विधवा महिला को 4 साल से लगातार दैहिक शोषण करता आ रहा था। गर्भ ठहरने के बाद समाज में बड़े रुतबे का धौंस दिखाकर जबरदस्ती महिला का गर्भपात गोली खिलाकर करवा दिया। गोली खिलाने के बाद पीड़ित महिला की तबियत बिगड़ने पर जिला अस्पताल में एडमिट हो गई है। परिजनों ने मामले को लेकर गीदम थाने में एफआईआर दर्ज करवाई है। इस मामले पर भाजपा महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष ओजस्वी मंडावी ने आदिवासियों का धर्मांतरण और शोषण का आरोप लगाकर कार्यवाही की मांग की है और उक्त आदिवासी विधवा महिला को न्याय दिलाने की बात कही।
गीदम अटल आवास में रहने वाले चर्च के पादरी बाबूलाल मास्टर शादीशुदा है और उनके एक बेटी भी 14 साल की है बावजूद इसके उक्त आदिवासी महिला सुशीला कश्यप के साथ लगातार झांसा देकर दहेज शोषण करता रहा और जब गर्भ ठहरने की बात महिला ने पादरी को बताई तो उसने समाज में बड़ी इज्जत होने बात कहकर गर्भ को गिरा देने का दबाव बनाया। महिला सुशीला कश्यप ने बताया कि पादरी ने जबरदस्ती गर्भ निरोधक गोली खिला दी जिसके बाद उसका गर्भपात हो गया। पीड़ित ने अपराधी पर कार्रवाई की मांग की है। भाजपा महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष ओजस्वी मंडावी समेत महिलाओं का प्रतिनिधि मंडल उक्त पीड़ित महिला से मिलने जिला अस्पताल पहुंचा एवं हालचाल जाना और पूरे मामले की जानकारी ली।



