NIA ने पंजाब के पूर्व मंत्री के आवास पर ग्रेनेड हमले के मामले में चार आरोपियों के खिलाफ दायर किया आरोपपत्र

NIA ने पंजाब के पूर्व मंत्री के आवास पर ग्रेनेड हमले के मामले में चार आरोपियों के खिलाफ दायर किया आरोपपत्र

नई दिल्ली, 5 अक्टूबर : राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने पंजाब के पूर्व मंत्री मनोरंजन कालिया के आवास पर हुए ग्रेनेड हमले (Grenade Attack) के मामले में 4 आरोपियों पर आरोपपत्र दाखिल किया है. इस बात की जानकारी एनआईए ने एक प्रेस रिलीज के माध्यम से दी है. राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने यह आरोपपत्र रविवार को विशेष एनआईए अदालत में दाखिल किया गया. आरोप पत्र में दो गिरफ्तार आरोपियों सैदुल अमीन (अमरोहा, उत्तर प्रदेश) और अभिजोत जांगड़ा (कुरुक्षेत्र, हरियाणा) तथा दो फरार आरोपियों कुलबीर सिंह सिद्धू (यमुनानगर, हरियाणा) और मनीष उर्फ काका राणा (करनाल, हरियाणा) के नाम शामिल हैं.

इन पर गैरकानूनी गतिविधि (निवारण) अधिनियम (यूएपीए), भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और विस्फोटक पदार्थ अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत आरोप लगाए गए हैं. 7 अप्रैल 2025 की रात जालंधर में पूर्व मंत्री मनोरंजन कालिया के आवास पर ग्रेनेड हमला हुआ था. इस घटना की गंभीरता को देखते हुए एनआईए ने 12 अप्रैल को जांच अपने हाथ में ली. जांच में पता चला कि प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल (बीकेआई) के कार्यकर्ता कुलबीर सिंह ने अपने सहयोगी मनीष उर्फ काका राणा के साथ मिलकर एक आतंकवादी गिरोह बनाया था. इस गिरोह का उद्देश्य पंजाब के प्रमुख नेताओं को निशाना बनाना, जनता में दहशत फैलाना, और जबरन वसूली के जरिए बीकेआई के लिए धन जुटाना था. यह भी पढ़ें : महाराष्ट्र दौरे पर गृह मंत्री अमित शाह, विखे पाटिल की प्रतिमा का अनावरण और सहकारिता परियोजना का उद्घाटन करेंगे

एनआईए की जांच के अनुसार, मनीष ने सैदुल अमीन को इस साजिश में शामिल किया, जिसने हमले की रात ग्रेनेड फेंका. ग्रेनेड कुलबीर सिंह ने उपलब्ध कराया था, जबकि अभिजोत जांगड़ा ने आतंकी गतिविधियों के लिए धन मुहैया कराया. हमले के बाद कुलबीर ने एक पोस्टर प्रसारित कर मनीष के साथ मिलकर इस साजिश की जिम्मेदारी ली. कुलबीर सिंह के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया गया है और उसकी गिरफ्तारी पर 10 लाख रुपए का इनाम घोषित है.

एनआईए ने इससे पहले अप्रैल 2024 में विश्व हिंदू परिषद (विहिप) नेता विकास प्रभाकर की हत्या (मामला आरसी-06/2024/एनआईए/डीएलआई) से संबंधित कुलबीर के खिलाफ भी आरोपपत्र दायर किया था. एनआईए ने फरार आरोपियों का पता लगाने और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए अपने प्रयास तेज कर दिए हैं. साथ ही, भारत में सक्रिय बीकेआई के अन्य सदस्यों की पहचान करने के लिए भी जांच जारी है




Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button