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माइनिंग घोटाला, ईडी ने किया छत्तीसगढ़ के IAS समेत 3 को किया गिरफ्तार, कलेक्टर व एक और IAS से पूछताछ जारी

रायपुर. ईडी यानि की प्रवर्तन निदेशालय की टीम ने 2009 बैच के आइएएस समीर विश्नोई को गिरफतार कर लिया है. आरोप है कि उन्होंने केन्द्र सरकार की भारत नेट परियोजना में करोड़ों का भ्रष्टाचार किया साथ ही राज्य में खनिज ठेकों में रिश्वत लेने का आरोप भी है. खबर है कि विश्नोई को आज अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश अजय िंसह राजपूत की कोर्ट में पेश किया जाएगा. ईडी कस्टडी की मांग करेगी. 

विश्नोई फिलहाल राज्य सरकार की आईटी एजेंसी चिप्स के सीईओ हैं और भारत नेट परियोजना का काम देख रहे हैं. यहां पर इसकी मुख्य एजेंसी टाटा कंपनी है जिसने अन्य सब एजेंसियों को काम दे रखा है. महीनों पहले विश्नोई तब चर्चा में आए थे जब इसका काम देख रही एक कंपनी को 70 करोड़ का भुगतान कर दिया गया था. इसमें विश्नोई की भूमिका संदिग्ध मानी गई थी. भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने भी विधानसभा में सवाल उठाकर भारत नेट परियोजना का मुददा उठाया था. तब से विश्नोई भाजपा के निशाने पर थे. चूंकि भारत नेट परियोजना में केन्द्र का 70 प्रतिशत हिस्सा लगा है इसलिए भ्रष्टाचार की बू आने के बाद एजेंसी के निशाने पर थे.

2009 बैच के आइएएस समीर विश्नोई के पास लगभग दो साल तक माइनिंग डायरेक्टर, माइनिंग कारपोरेशन के एमडी, आईजी रजिस्ट्रेशन और जीएसटी डायरेक्टर जैसे मालदार विभाग का जिम्मा था. फिलवक्त वे चिप्स के सीईओ और मार्कफेड के एमडी हैं. इससे साबित होता है कि वे सरकार के कितने करीब हैं. ईडी ने अपनी पूछताछ में इन्हीं विभागों पर केंद्रित रखी और अंततः समीर को गिरफतार कर लिया गया. इसके पहले उनकी पत्नी से भी कभी देर तक पूछताछ होती रही.

बताया जाता है कि खनिज विभाग में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हुआ है. एक गिरोह बनाकर काम किया गया और विश्नोई उनके हिसाब से खदानें बांटते रहे. सूत्रों के मुताबिक समीर विश्नोई के पास जो अकूत संपत्ति के कागजात मिले हैं, उनमे लाखों की नकदी, ंएक फार्म हाउस, और बेनामी संपत्ति के कागजात भी है हालांकि इसकी पुष्टि किसी ने नही की है.

आइएएस समीर विश्नोई के साथ दो कोयला कारोबारियों को भी गिरफतार किया गया है. इनमें सूर्यकांत तिवारी के चाचा लक्ष्मीकांत तिवारी और सुनील अग्रवाल शामिल हैं. हालांकि ईडी ने इसकी कोई पुष्टि नही की है और ना ही छत्तीसगढ सरकार की ओर से कोई पुष्टि की गई है. तीनों की गिरफ्तारी मनी लॉन्ड्रिंग केस में की गई है. विश्वस्त सूत्रों से पता चला है कि आजकल में एक और अफसर की गिरफतार हो सकती है!

इस बीच रायगढ़ कलेक्टर रानू साहू लौट आई हैं। ईडी उनसे और उनके पति व माइनिंग डायरेक्टर जेपी मौर्या से पूछताछ कर रही है।

ED ने रायगढ़ से एक और गिरफ्तारी करते हुए नवनीत तिवारी को गिरफ्तार किया हैं। नवनीत तिवारी रायगढ़ में कोयला काम देख रहा था। चर्चा है सभी लोगों को रायपुर न्यायालय में प्रस्तुत करने के बाद दिल्ली ले जाया जाएगा।

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