इंडिगो की 800 से अधिक फ्लाइट कैंसिल, सरकार ने फिक्स किया फ्लाइट फेयर; रविवार रात तक रिफंड का निर्देश

Indigo : नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो का संकट लगातार पांचवें दिन भी थमने का नाम नहीं ले रहा। 6 दिसंबर 2025 को 850 से अधिक उड़ानें रद्द होने के बाद केंद्र सरकार ने सख्त कदम उठाते हुए इंडिगो को रविवार रात 8 बजे तक सभी रद्द टिकटों का रिफंड पूरा करने का निर्देश दिया है। साथ ही, यात्रियों के सामान को 48 घंटे में लौटाने का आदेश भी जारी किया गया। विमानन मंत्रालय ने अन्य एयरलाइंस को भी हवाई किराए की ऊपरी सीमा तय करने का फरमान सुनाया, ताकि संकट का फायदा न उठाया जा सके। अब 500 किमी तक के सफर पर अधिकतम 7,500 रुपये, 500-1,000 किमी पर 12,000 रुपये, 1,000-1,500 किमी पर 15,000 रुपये और 1,500 किमी से अधिक दूरी पर 18,000 रुपये से ज्यादा किराया नहीं वसूला जा सकेगा। यह सीमा इकोनॉमी क्लास के लिए है, बिजनेस क्लास इससे बाहर है।


Indigo : इंडिगो ने शनिवार को बयान जारी कर कहा कि ऑपरेशन सामान्य करने में 10-15 दिसंबर तक लग सकता है, हालांकि कैंसिलेशन में धीरे-धीरे कमी आ रही है। आज 850 से कम उड़ानें रद्द हुईं, जो कल (1,000+ रद्द) से बेहतर है। पिछले चार दिनों में कुल 2,000 से अधिक उड़ानें रद्द हो चुकी हैं, जिनमें दिल्ली, मुंबई, चेन्नई, बेंगलुरु, हैदराबाद और पुणे जैसे प्रमुख हवाईअड्डों पर सबसे ज्यादा असर पड़ा। दिल्ली एयरपोर्ट पर 106 उड़ानें रद्द हुईं, जबकि पुणे में 42 (14 आगमन और 28 प्रस्थान) प्रभावित रहीं। मुंबई के छत्रपति शिवाजी एयरपोर्ट पर यात्रियों और स्टाफ के बीच झड़प की घटना भी सामने आई, जहां नाराज यात्री रिफंड और वैकल्पिक व्यवस्था की मांग कर रहे थे।



Indigo : इस संकट की जड़ डीजीसीए के नए फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन (एफडीटीएल) नियम हैं, जो 1 नवंबर 2025 से लागू हुए। इनके तहत पायलटों और क्रू मेंबर्स को अधिक आराम देने पर जोर दिया गया, जिससे इंडिगो जैसे एयरलाइंस में स्टाफ की कमी हो गई। डीजीसीए ने इंडिगो को 10 फरवरी 2026 तक कुछ छूट दी है, जैसे नाइट फ्लाइट ड्यूटी में राहत, लेकिन वीकली रेस्ट को 48 घंटे अनिवार्य रखा। विमानन मंत्री ने इंडिगो प्रबंधन से कहा कि संक्रमण काल में योजनाबद्ध तरीके से बदलाव अपनाने थे, न कि अचानक कैंसिलेशन से यात्रियों को परेशान करने का।


Indigo : सरकार ने यात्रियों की शिकायतों पर तुरंत कार्रवाई की है। इंडिगो को ग्रिवांस हैंडलिंग यूनिट्स स्थापित करने और रीयल-टाइम अपडेट देने का आदेश दिया गया। रेलवे ने भी 37 ट्रेनों में 116 अतिरिक्त कोच जोड़कर प्रभावित यात्रियों की मदद की। विपक्ष ने इसे ‘मोनोपॉली मॉडल’ का नतीजा बताया, जबकि इंडिगो सीईओ पीटर एल्बर्स ने वीडियो संदेश में माफी मांगी और कहा कि वे समस्या हल करने में जुटे हैं।


Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button