राहुल गांधी मामले को लेकर जमकर बवाल, कहीं कालिख पोती कहीं कार्यकर्ताओं का सिर फोड़ा
कांग्रेस नेता राहुल गांधी को बड़ा झटका लगा है। मानहानि केस में कोर्ट से मिली दो साल की सजा के बाद राहुल गांधी संसद सदस्यता खत्म कर दी गई। राहुल गांधी अब 6 साल तक चुनाव नहीं लड़ पाएंगे। आपको बता दें कि सूरत की स्थानीय कोर्ट ने 4 साल पुराने आपराधिक मानहानि के मामले में 2 साल की सजा सुनाई थी, साथ ही राहुल गांधी पर 15 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया था। हालांकि सूरत की स्थानीय कोर्ट ने राहुल गांधी की सजा को 30 दिन के लिए स्थगित कर दिया है। इधर कांग्रेस नेता राहुल गांधी की सदस्यता रद्द होते ही NSUI कार्यकर्ता बौखला गया हैं। NSUI कार्यकर्ताओं ने भाजपा कार्यालय में हमला बोल दिया, राहुल मामले को लेकर राजधानी रायपुर में भाजपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच जमकर झड़प हुई।
इस मामले में राहुल गांधी के पास सजा के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील करने के लिए 1 महीने का समय है। हाईकोर्ट में यदि राहुल गांधी की सजा पर रोक लगा दी जाती है तो उसी परिस्थिति में राहुल गांधी की संसद सदस्यता बहाल हो सकती है।
साल 2019 का चुनाव प्रचार के दौरान राहुल गांधी ने ‘मोदी सरनेम’ को लेकर कहा थाा कि नीरव मोदी, ललित मोदी और अन्य का नाम लेते हुए कहा था, “कैसे सभी चोरों का सरनेम मोदी है?” राहुल गांधी के इस बयान पर मोदी समाज को लोगों ने आपत्ति जताई थी और कोर्ट में मानहानि का केस दायर किया था। आखिरकार कोर्ट के इस फैसले ने राहुल गांधी की लोकसभा की सदस्यता पर संकट खड़ा कर दिया। लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 के प्रावधान और सुप्रीम कोर्ट के दिए पुराने फैसलों के आधार पर राहुल गांधी की संसद सदस्यता रद्द कर दी गई है।
राहुल गांधी की सदस्यता रद्द होने के बाद NSUI व कांग्रेस नेताओं का शर्मनाक कृत्य सामने आया। नेताओं ने भाजपा जिला कार्यालय पर हमला कियक हैं। वही भाजपा नेताओ की तस्वीरों पर कालिख पोती हैं।
वही,भाजपा कार्यकर्ताओं ने जमकर इसका मुकाबला किया हैं। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाजपा युवा नेता गोविंदा गुप्ता का सर फोड़ा अन्य भाजपा कार्यकर्ता भी घायल हुए हैं।




